उद्यानिकी फसलों की खेती

जशपुर में उद्यानिकी फसलों को दिया जाएगा बढ़ावा
आम, लीची, सीताफल और केले की फसल पर जोर

रायपुर, छत्तीसगढ़ के आदिवासी बहुल जशपुर जिले में उद्यानिकी फसलों की खेती को बढ़ावा देने के हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। जिले के ग्राम सरईटोला में टमाटर प्रसंस्करण यूनिट लगाने का कार्य प्रगति पर है। राष्ट्रीय बागवानी मिशन के अंतर्गत जिले में आम, लीची और केले की फसल को बढ़ावा दिया जा रहा है। लिची पौध रोपण हेतु मदर नर्सरी तैयार करने तथा सीताफल एवं धनिया के क्षेत्र में विस्तार करने का भी निर्णय लिया गया है। इसी तरह जिले के ग्राम घूमाडांड को आदर्श ग्राम के रूप में विकसित करने का निर्णय लिया गया है।

कलेक्टर जशपुर ने इस संबंध में गत दिवस अधिकारियों की बैठक लेकर उद्यानिकी के साथ-साथ संबंधित अन्य विभागों जैसे कृषि, मत्स्य पालन, पशु चिकित्सा आदि की समीक्षा की। इस अवसर पर बताया गया कि कुनकुरी में स्वीकृत पोल्ट्री फार्म तथा ग्राम सुसडेगा में हेचरी फार्म निर्माण के लिए जमीन आबंटन का कार्य प्रगति पर है। ग्राम कांसाबेल तथा बगीचा में सब्जी मंडी के लिए जमीन के चयन का कार्य भी किया जा रहा है। बैठक में कलेक्टर ने जिले के अधिक से अधिक किसानों को क्रेडिट कार्ड देने के निर्देश दिए हैं, जिससे किसानों को बीज, खाद तथा अन्य कृषि सामग्रियों के लिए बैंकों से आसानी से नगद राशि मिल सके। इसके लिए वरिष्ठ कृषि विस्तार अधिकारियों को लक्ष्य भी आबंटित किया गया है।